Tue. Dec 18th, 2018

बोल बिना तोल,
ओल का मोल,
होठ हुए गोल,
सारे राज खोल,
क्या है झोल,
कुछ तो बोल।

बोल अनमोल,
शब्द मुखर,
वाणी प्रखर,
कर्म शून्य,
नतीजा सिफर,
बोल सिर्फ बोल।

बोल मीठा बोल,
मिसरी घोल,
शहद घोल,
भाव एक,
भावनाएं अनेक,
बस फीका मत बोल।

बोल तीखा बोल,
मिर्ची लगा,
नीम लगा,
करेला भी लगा,
विवशता त्याग,
बोल सच बोल।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *